
रांची।
पिठोरिया थाना क्षेत्र के 49 गांव के हजारों किसानों की हजारों एकड़ में लगी सब्जी की खेती अनियमित बारिश से बर्बाद हो गई है। किसानों का कहना है कि पहले तो वे कम बारिश से परेशान थे क्योंकि पानी के अभाव में सब्जियां सूखने लगी थी फिर बीते कुछ दिनों में पिठौरिया क्षेत्र में लगातार बारिश हुई जिससे खेतों में पानी भर गया उससे भी सब्जियों की फसल को काफी नुकसान हुआ। सब्जी की खेती की बर्बादी से क्षेत्र के किसान खासे परेशान हैं। आर्थिक दुश्चिंता से आजीविका चलाना और जीना मुश्किल हो गया है। क्षेत्र के किसानों ने बताया कि फूलगोभी, प्याज, मूली, गाजर, बोदी, सेम, बैंगन, भिंडी, धनिया पत्ता और पालक साथ सहित अन्य सब्जी की खेती बड़े पैमाने पर बर्बाद हो गई है।
लगातार हुई वर्षा से सब्जी की खेतों में ही सड़ने लगी है। पिठोरिया क्षेत्र के किसानों में भीखन साहू,राजेश साहू, दिलमन साहू, दीपक बैठा, पप्पू बैठा, रमेश मुंडा, सुरेश मुंडा, धनु उरांव, विजय उरांव, लतीफ अंसारी, मुख्तार अंसारी, अमीर अंसारी सहित सैकड़ो किसानों है जो परेशान हैं। पिठोरिया के किसान भीखन साहू कहते हैं कि 18 वर्ष की उम्र से खेती करता आया हूं अब मेरी उम्र 75 वर्ष हो गई है लेकिन सब्जी खेती की ऐसे बर्बादी पहली बार देखा है। कुल मिलाकर सब्जी की खेती की बर्बादी से हुए नुकसान का आर्थिक मूल्यांकन किया जाए तो लाखों रुपए की होगी। इस संबंध में क्षेत्र के किसानों का झारखंड सरकार से मांग है कि फसल बीमा की राशि का भुगतान किया जाए, कांके प्रखंड को सूखाग्रस्त घोषित किया जाए, किसानों के केसीसी ऋण को माफ किया जाए और अगली फसल लगाने के लिए मुआवजा राशि दिया जाए। साथ ही झारखंड सरकार के सुखाड़ योजना से कांके प्रखंड को वंचित रखा गया है, उसमें अविलंब कांके को भी शामिल किया जाए।